डीएम अन्नपूर्णा गर्ग ने जिले वासियों से अपील की है कि भारत सरकार के ज्ञान भारतम् मिशन के अन्तर्गत विभिन्न सरकारी एवं गैर सरकारी संस्थानों मठों, मन्दिरों, शैक्षणिक संस्थानों, निजी एव सार्वजनिक पुस्तकालयों व व्यक्तियों आदि के पास उपलब्ध 75 वर्षों से अधिक पुरानी पाण्डुलिपियों, हस्तलिखित ग्रन्थ, ताड़पत्रों, भोजपत्रों एवं अन्य दस्तावेजों का सर्वेक्षण /डिजिटलीकरण का कार्य सांस्कृतिक धरोहर को संरक्षित करने व आमजन तक पहुंचाने के उद्देश्य से गतिमान है। पाण्डुलिपि आदि संग्रहकर्ता संस्था अथवा व्यक्ति के अधिकार में ही बनी रहेगी।read more:https://pahaltoday.com/pms-bet-could-be-to-reduce-the-dollars-arrogance-using-gold/ यदि इस जिले में निवासित किसी संस्था / व्यक्ति के पास ऐसा कोई हस्तलिखित अभिलेख हो तो उसके सम्बन्ध में सूचना क्षेत्रीय पर्यटन अधिकारी ( मो. 6306339747) को अथवा जिलाधिकारी श्रावस्ती की ईमेल आईडी [email protected] पर दी जा सकती है।