गाजीपुर। पुलिस हिरासत में लिए गए एक युवक के संदिग्ध परिस्थितियों में लापता होने के मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधीक्षक डॉ. ईराज राजा ने बड़ी कार्रवाई की है। प्रथम दृष्टया लापरवाही और कर्तव्य में शिथिलता पाए जाने पर देवल चौकी प्रभारी समेत चार पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया। इस कार्रवाई से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है।
जानकारी के अनुसार गहमर थाना क्षेत्र के मनियां गांव निवासी अबुलैश खां के घर हुई चोरी की घटना के संबंध में पुलिस ने गांव के ही सद्दाम अंसारी पुत्र सलमान अंसारी को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया था। परिजनों का आरोप है कि हिरासत में लेने के बाद न तो उसे जेल भेजा गया और न ही उसके संबंध में कोई स्पष्ट जानकारी दी गई।read more:https://pahaltoday.com/raja-singh-gave-five-tips-to-the-forest-dwellers-to-face-the-challenges/सद्दाम के पिता सलमान अंसारी जब अपने बेटे से मिलने गहमर थाने पहुंचे तो उन्हें देवल पुलिस चौकी भेज दिया गया। चौकी पहुंचने पर भी सद्दाम का कोई पता नहीं चला। बाद में पुलिस की ओर से बताया गया कि सद्दाम चौकी से भाग गया है।बेटे के अचानक लापता होने और पुलिस के जवाब से संतुष्ट न होने पर सलमान अंसारी ने किसी अनहोनी की आशंका जताते हुए पुलिस अधीक्षक को प्रार्थना पत्र देकर निष्पक्ष जांच और बेटे की सकुशल बरामदगी की मांग की।मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधीक्षक ने जांच कराई, जिसमें प्रथम दृष्टया पुलिसकर्मियों की लापरवाही सामने आई। इसके आधार पर देवल चौकी प्रभारी गामा लाल, मुख्य आरक्षी संकेंद्र राय तथा आरक्षी रुस्तम और रत्नेश को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया।मामले की पुष्टि करते हुए गहमर थाना प्रभारी निरीक्षक नंदकुमार तिवारी ने बताया कि पूरे प्रकरण की विभागीय जांच जारी है और जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।