गाजियाबाद। प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना (पीएमएमवीवाई) के माध्यम से जनपद की गर्भवती एवं धात्री महिलाओं को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराकर उन्हें गर्भावस्था एवं प्रसव के दौरान बेहतर पोषण और स्वास्थ्य सुविधाएं प्राप्त करने में सहयोग दिया जा रहा है। योजना से लाभान्वित ग्राम मसूरी, विकास खण्ड रजापुर निवासी श्रीमती अन्जुम सैफी पत्नी मौ० आमिर की कहानी सरकार की इस कल्याणकारी योजना की सफलता को दर्शाती है।श्रीमती अन्जुम सैफी ने बताया कि उनके पति निजी क्षेत्र में नौकरी करते हैं। गर्भावस्था से पहले वह भी अपने पति के कार्य में सहयोग करती थीं। पहली बार गर्भवती होने की जानकारी मिलने के बाद आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण उन्हें गर्भावस्था के दौरान होने वाले खर्च को लेकर चिंता थी। इसी दौरान क्षेत्र की आंगनबाड़ी कार्यकर्ता प्रिया के माध्यम से उन्हें प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के बारे में जानकारी मिली।उन्होंने आंगनबाड़ी केन्द्र पर अपना पंजीकरण कराया। प्रथम एएनसी जांच के बाद योजना के अंतर्गत पंजीकरण पूर्ण होने पर उन्हें 3,000 रुपये की प्रथम किस्त प्राप्त हुई। इस धनराशि से उन्हें गर्भावस्था के दौरान पर्याप्त आराम एवं पोषण प्राप्त करने में काफी सहायता मिली।read more:https://pahaltoday.com/protest-by-the-all-gondwana-students-association-and-the-gond-community/प्रसव के बाद बच्ची के आवश्यक टीकाकरण की प्रक्रिया पूर्ण होने पर उन्होंने 2,000 रुपये की द्वितीय किस्त के लिए आवेदन किया है, जिसकी राशि अभी प्राप्त होना शेष है।श्रीमती अन्जुम सैफी ने बताया कि अब उनकी एक स्वस्थ बच्ची है और वह सरकार की इस योजना के लिए आभारी हैं। उन्होंने कहा कि योजना से मिली आर्थिक सहायता ने गर्भावस्था के कठिन समय में उनका काफी सहयोग किया। अब वह स्वयं भी अपने आसपास की अन्य महिलाओं को प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के बारे में जानकारी दे रही हैं, ताकि अधिक से अधिक पात्र महिलाएं योजना का लाभ उठा सकें।प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना (पीएमएमवीवाई) भारत सरकार के महिला एवं बाल विकास मंत्रालय द्वारा संचालित मातृत्व लाभ योजना है। योजना का उद्देश्य गर्भवती महिलाओं एवं स्तनपान कराने वाली माताओं को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराना, गर्भावस्था एवं प्रसव के दौरान बेहतर पोषण को बढ़ावा देना तथा मजदूरी की हानि की आंशिक भरपाई करना है। योजना के अंतर्गत पात्र लाभार्थियों को निर्धारित शर्तों की पूर्ति के आधार पर वित्तीय सहायता सीधे उनके बैंक खाते में उपलब्ध कराई जाती है।श्रीमती अन्जुम सैफी ने अन्य पात्र महिलाओं से भी अपील की कि वे अपने नजदीकी आंगनबाड़ी केन्द्र पर सम्पर्क कर योजना की जानकारी प्राप्त करें और पात्रता के अनुसार इसका लाभ उठाएं।
इस अवसर पर जिला कार्यक्रम अधिकारी श्रीमती विनीता चन्द्रा के साथ लाभार्थी श्रीमती अन्जुम सैफी तथा आंगनबाड़ी कार्यकर्ता प्रिया की उपस्थिति भी योजना के प्रति विभागीय सहयोग एवं लाभार्थियों की सहभागिता को दर्शाती है।