ललितपुर। राम नवमी पर 1008 माँ वीरलोचनी बीजासेन भवानी सिद्ध योग पीठ गांधीनगर नई बस्ती में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी। श्रद्धालुओं ने माता रानी के नौ स्वरूप की पूजा अर्चना कर व्रत रखा तथा मंदिरों में जलभिषेक भी किया। माता के भजनों से वातावरण भक्तिमय हो बना रहा। जगह-जगह धार्मिक आयोजन और अन्य कार्यक्रमों की भी घूम रही। कई श्रद्धालुओं ने माता रानी को चुनरी, लाल पुष्प और मिठाई का भोग लगाया। श्रद्धालुओं ने व्रत रख पूजा अर्चना के लिए माता के दरबार की और रुख किया। माँ वीरलोचनी बीजासेन भवानी सिद्ध योग पीठ में पूजा अर्चना और भक्ति का सिलसिला चलता रहा माता के अभिषेक पूजन के साथ-साथ उनका श्रृंगार तथा चुनरी चढ़ाने के लिए श्रद्धालुओं का ताता लगा रहा। हिंदू धर्म में नवरात्रि की नवमी तिथि का विशेष महत्व होता है। नवमी तिथि को रामनवमी और महानवमी के नाम से जाना जाता है। श्री श्री 1008 माँ वीरलोचनी बीजासेन भवानी सिद्ध योग पीठ गांधीनगर नईबस्ती में मां का आशीर्वाद लेने के लिए भक्तों का तांता दरवार में लगा रहता है। मां के इस मंदिर में नवरात्र के सप्तमी, अष्ठमी और नवमी को विशेष पूजा-पाठ भी किए जाते हैं। मां दुर्गा अपने नौ रूपों में आती हैं। भक्त 9 दिन तक माता रानी के उपासना में लीन होकर पूजा अर्चना करते हैं। इस दौरान कन्या पूजन का आयोजन भी धूमधाम से किया गया, जिसमें छोटी बालिकाओं को भोजन कराकर उपहार भेंट किए गए। श्रद्धालुओं का मानना था कि नौ दिनों की साधना और उपवास का नवमी पर विशेष फल मिलता है। कई भक्तों ने इस दिन अन्न का सेवन छोड़कर केवल फलाहार किया। माना जाता है की मंदिर में सच्चे मन से पहुंचने वाले भक्तों की हर मुराद पूरी होती है। वीरलोचनी बीजासेन भवानी सिद्ध योग पीठ में भंडारे का भी आयोजन किया गया, जो देर रात तक चलता रहा। श्रद्धालुओं ने वीरलोचनी बीजासेन भवानी से परिवार की सुख-समृद्धि, संतान की उन्नति और जीवन की सभी विघ्न-बाधाओं से मुक्ति की कामना की। पूरे क्षेत्र में मां की आराधना का माहौल रहा।