बड़हलगंज, गोरखपुर में सामाजिक एवं साहित्यिक संस्था जनता लाइब्रेरी द्वारा अखिल भारतीय कवि सम्मेलन “रसरंग 5.0″ का आयोजन किया जाएगा। यह कार्यक्रम शनिवार, 28 मार्च 2026 को सायंकाल 6:30 बजे से प्रभावती मैरेज हॉल में होगा। इस साहित्यिक आयोजन को लेकर क्षेत्र में उत्साह का माहौल है।
कार्यक्रम के संयोजक राज्य युवा पुरस्कार विजेता प्रणव द्विवेदी ‘शुभम’ और जनता लाइब्रेरी टीम ने क्षेत्र के नागरिकों, साहित्य प्रेमियों, युवाओं, छात्र-छात्राओं तथा अभिभावकों से अधिक संख्या में उपस्थित होने की अपील की है। आयोजकों के अनुसार, यह कवि सम्मेलन मनोरंजन के साथ-साथ विचार, संस्कार और सामाजिक जुड़ाव का माध्यम भी है।”रसरंग 5.0” में देश के विभिन्न हिस्सों से आए कवि हास्य, व्यंग्य, ओज, श्रृंगार, वीर रस, सामाजिक सरोकार और राष्ट्रभक्ति से ओतप्रोत काव्य प्रस्तुतियां देंगे। इन प्रस्तुतियों में श्रोताओं को हंसाने और सोचने पर मजबूर करने वाली रचनाएं शामिल होंगी। इस आयोजन के माध्यम से जनता लाइब्रेरी साहित्य को समाज को दिशा देने वाली शक्ति के रूप में प्रस्तुत करेगी।जनता लाइब्रेरी की पहचान केवल साहित्यिक आयोजनों तक सीमित नहीं है। संस्था ने रक्तदान अभियान, शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के प्रयास, स्वच्छता अभियान और गरीब, असहाय तथा जरूरतमंद लोगों की मदद जैसे सामाजिक कार्यों में भी सक्रिय भूमिका निभाई है। इन प्रयासों के कारण जनता लाइब्रेरी क्षेत्र में सेवा और समर्पण का प्रतीक बन गई है।संस्था के कार्यकर्ताओं का मानना है कि समाज में बदलाव केवल भाषणों से नहीं, बल्कि सक्रिय भागीदारी और संवेदनशील प्रयासों से आता है। जनता लाइब्रेरी ने अपने कार्यों से यह साबित किया है कि यदि युवा सकारात्मक सोच के साथ आगे आएं तो क्षेत्र की तस्वीर बदली जा सकती है। अब “रसरंग 5.0” के जरिए यह टीम साहित्य और समाज सेवा के इस संगम को एक और नई ऊंचाई देने जा रही है।
कार्यक्रम के संयोजक राज्य युवा पुरस्कार विजेता प्रणव द्विवेदी ‘शुभम’ और जनता लाइब्रेरी टीम ने क्षेत्र के नागरिकों, साहित्य प्रेमियों, युवाओं, छात्र-छात्राओं तथा अभिभावकों से अधिक संख्या में उपस्थित होने की अपील की है। आयोजकों के अनुसार, यह कवि सम्मेलन मनोरंजन के साथ-साथ विचार, संस्कार और सामाजिक जुड़ाव का माध्यम भी है।”रसरंग 5.0” में देश के विभिन्न हिस्सों से आए कवि हास्य, व्यंग्य, ओज, श्रृंगार, वीर रस, सामाजिक सरोकार और राष्ट्रभक्ति से ओतप्रोत काव्य प्रस्तुतियां देंगे। इन प्रस्तुतियों में श्रोताओं को हंसाने और सोचने पर मजबूर करने वाली रचनाएं शामिल होंगी। इस आयोजन के माध्यम से जनता लाइब्रेरी साहित्य को समाज को दिशा देने वाली शक्ति के रूप में प्रस्तुत करेगी।जनता लाइब्रेरी की पहचान केवल साहित्यिक आयोजनों तक सीमित नहीं है। संस्था ने रक्तदान अभियान, शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के प्रयास, स्वच्छता अभियान और गरीब, असहाय तथा जरूरतमंद लोगों की मदद जैसे सामाजिक कार्यों में भी सक्रिय भूमिका निभाई है। इन प्रयासों के कारण जनता लाइब्रेरी क्षेत्र में सेवा और समर्पण का प्रतीक बन गई है।संस्था के कार्यकर्ताओं का मानना है कि समाज में बदलाव केवल भाषणों से नहीं, बल्कि सक्रिय भागीदारी और संवेदनशील प्रयासों से आता है। जनता लाइब्रेरी ने अपने कार्यों से यह साबित किया है कि यदि युवा सकारात्मक सोच के साथ आगे आएं तो क्षेत्र की तस्वीर बदली जा सकती है। अब “रसरंग 5.0” के जरिए यह टीम साहित्य और समाज सेवा के इस संगम को एक और नई ऊंचाई देने जा रही है।