महराजगंज। कस्बे से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों में जगह-जगह बिजली विभाग की लापरवाही के चलते खुले में रखे ट्रांसफार्मर हादसों को दावत दे रहे हैं। सड़क के किनारे लगे इन ट्रांसफार्मरों से कई बार हादसे हो भी चुके है। लेकिन इसके बावजूद बिजली विभाग इस ओर कोई ध्यान नहीं दे रहा है। ट्रांसफार्मरों के पास सुरक्षा के लिए लोहे की जाली तक नहीं लगाई है। जिससे इन ट्रांसफार्मर के आस पास के लोगों में हादसे को लेकर हमेशा भय बना रहता है। फरेंदा कस्बे में पुराने शनिचरहिया, बाजार, निराला नगर, हैडिल के पास में लगाए गए ट्रांसफार्मर भगवान भरोसे ही चल रहे हैं। सुरक्षा के कोई उपाय न होने के चलते खुदा न खास्ता यदि कोई आदमी या जानवर कभी भी इसके चपेट में आकर दुर्घटना का शिकार हो सकता है।read more:https://pahaltoday.com/ballia-police-receive-two-modern-interceptor-bikes-sp-omvir-singh-flags-them-off/वहीं कुछ जगहों पर तार बाड़ लगाकर ट्रांसफार्मरों को घेरा तो गया है। लेकिन देख रेख के अभाव में वहा झाड़ियां उग आईं हैं, जो कभी भी दुर्घटना का कारण बन सकती है। स्थानीय लोगों ने उच्चाधिकारियों से ट्रांसफार्मरों को घेरने की गुहार भी लगाई है। लेकिन किसी को भी आम लोगों के सुरक्षा की चिंता नहीं है। इस बाबत अधिशासी अभियंता ने कहा कि खुले में रखे गए ट्रांसफार्मरों को चिन्हित किया जाएगा।विभागीय उदासीनता के कारण ही दुर्घटना की संभावना बढ़ती है। विभाग के जिम्मेदारों की लापरवाही के कारण अपना कार्य जिम्मेदारी से नहीं किया जाता है। जिससे अधूरे पड़े कार्यो से स्थानीय लोगों को दिक्कत का सामना करना पड़ता है। विजय दुबे, निरालानगर।सरकार द्वारा आने वाले धन का दुरुपयोग हो जाता है। जिम्मेदार अपने दायित्व का निर्वहन जिम्मेदारी से पूरा नहीं करते हैं। विभागीय उदासीनता के कारण ही दुर्घटना की संभावना बढ़ती है। छोटे-छोटे कार्यो को अधूरा छोड़ दिए जाने से स्थानीय लोगों को बड़ी समस्या का सामना करना पड़ता है। डा उमाशंकर शुक्ल, आनंदनगर।