वॉशिंगटन : अमेरिकी सेना में बड़ा बदलाव देखने को मिला है। CNN की रिपोर्ट के मुताबिक, तीन सूत्रों का हवाला देते हुए बताया गया है कि US आर्मी सेक्रेटरी डैन ड्रिस्कॉल ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को अपना इस्तीफा सौंप दिया है। रिपोर्ट में कहा गया है कि ड्रिस्कॉल और सेक्रेटरी ऑफ वॉर पीट हेगसेथ के बीच तनाव के चलते उनका इस्तीफा अप्रत्याशित नहीं माना जा रहा है।हालांकि, व्हाइट हाउस ने ड्रिस्कॉल के कार्यकाल की सराहना की है। व्हाइट हाउस की प्रवक्ता एना केली ने उनकी “बेहतरीन लीडरशिप” की तारीफ करते हुए कहा कि ड्रिस्कॉल ने राष्ट्रपति ट्रंप के ‘अमेरिका को फिर से मजबूत बनाने’ के एजेंडे को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।उन्होंने ऐतिहासिक सैन्य अभियान के दौरान नेतृत्व, सेना की तैयारी और मारक क्षमता बढ़ाने के प्रयासों के साथ-साथ रूस और यूक्रेन के बीच बातचीत में मदद करने के लिए भी उनकी प्रशंसा की।CNN के अनुसार, ड्रिस्कॉल का इस्तीफा हेगसेथ के साथ कथित मतभेदों और ईरान युद्ध के करीब छह महीने बाद सामने आया है।रिपोर्ट में बताया गया है कि इसी साल की शुरुआत में हेगसेथ ने आर्मी चीफ ऑफ स्टाफ जनरल रैंडी जॉर्ज और दो अन्य जनरलों को उनके पदों से हटा दिया था।read more:https://pahaltoday.com/woman-posing-as-a-bride-flees-after-administering-a-sedative-remains-at-large-even-after-a-month-and-a-half/जनरल जॉर्ज और ड्रिस्कॉल ने कई मुद्दों पर साथ काम किया था।पूर्व आर्मी रेंजर और वेंचर कैपिटलिस्ट ड्रिस्कॉल ने सैनिकों के लिए बेहतर रहने की सुविधाएं उपलब्ध कराने, सैन्य उपकरणों के आधुनिकीकरण और युद्ध में कमर्शियल टेक्नोलॉजी के इस्तेमाल की वकालत की थी।उन्होंने यूक्रेनी सेना से मिली युद्ध संबंधी जानकारी और अनुभवों को अमेरिकी सेना में लागू करने पर भी जोर दिया।स्कॉल के नेतृत्व में निजी कंपनियों ने अमेरिकी सेना के ठिकानों पर डेटा सेंटर, जरूरी मिनरल रिफाइनरी और डाइनिंग सुविधाओं समेत विभिन्न परियोजनाओं में 25 अरब डॉलर से अधिक निवेश करने की प्रतिबद्धता जताई थी।अमेरिकी सीनेट ने 25 फरवरी 2025 को 66-28 वोटों से डैन ड्रिस्कॉल की आर्मी सेक्रेटरी के रूप में नियुक्ति को मंजूरी दी थी। राष्ट्रपति ट्रंप ने उन्हें इस पद के लिए नामित किया ।पूर्व सैनिक, निवेशक और राजनीतिक सलाहकार के तौर पर उनके अनुभव को उनकी नियुक्ति में महत्वपूर्ण माना गया था।ड्रिस्कॉल ने येल लॉ स्कूल से स्नातक होने से पहले ‘ऑपरेशन इराकी फ्रीडम’ के दौरान अमेरिकी सेना की 10वीं माउंटेन डिवीजन में कैवेलरी स्काउट प्लाटून लीडर के रूप में सेवा की थी। सेना से निकलने के बाद उन्होंने वेंचर कैपिटल और प्राइवेट इक्विटी क्षेत्र में काम किया। इसके अलावा वह उपराष्ट्रपति जेडी वेंस के वरिष्ठ सलाहकार के तौर पर भी काम कर चुके हैं।