महराजगंज तराई (बलरामपुर )संक्रमक बीमारियों से बचाने के लिए कई विभाग मिलकर एक जुलाई से अभियान चला रहे हैं। जगह-जगह कचरे के ढेर लगे हैं तो नाले-नालियां भी जाम हैं। फागिंग भी नहीं हो रही। मच्छरों का आतंक बढ़ गया है, जिसके कारण लोगों की नींद उड़ गई है। ऐसे में संचारी रोग अभियान हवा हवाई साबित हो रहा है। विकास खंड तुलसीपुर में एक जुलाई से संचारी रोग नियंत्रण अभियान चलाया जा रहा है, जो कागज तक सिमटकर रह गया है। कस्बों से गांवों तक हालात पहले जैसे ही हैं। नालियों का पानी सड़कों और गलियों में बह रहा है। जिससे संक्रामक बीमारियों का भय लोगों को सता रहा है। संचारी रोग नियंत्रण अभियान की कमान पंचायत राज विभाग व स्वास्थ्य विभाग को सौंपी गई है।विभाग के अधिकारी अपने कर्मचारियों के साथ रोज आफिस में बैठक कर अभियान को सफल बनाने पर चर्चा तो करते हैं लेकिन धरातल पर कोई फर्क नहीं दिखता।read more:https://pahaltoday.com/pm-modi-explained-the-importance-of-every-vote-and-said-that-everyone-should-use-their-vote/संचारी रोग नियंत्रण अभियान में विभाग के अधिकारियों ने सफाई कर्मचारी का रोस्टर के तहत ड्यूटी तो ग्राम पंचायत में लगा दी गई है लेकिन उनको ना तो ब्लीचिंग पाउडर दिया गया है और ना ही एंटी लारवा दवा दिया गया है। केवल कागज में सफाई कर्मचारियों की ड्यूटी लगाकर संचारी रोग नियंत्रण अभियान को सफल बनाने का दावा पंचायती राज विभाग कर रहा है।जिससे नाली से उठ रही दुर्गंध और पनप रहे मच्छरों के प्रकोप से क्षेत्रवासी काफी परेशान हैं। पंचायती राज विभाग के अधिकारी ऑफिस पर बैठक कर संचारी रोग नियंत्रण अभियान को सफल बनाने का दावा करते हैं।लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और है। क्षेत्रवासीपोले,अब्दुला, शिवम, रमेश, गिरवर, अभिषेक, जीतेन्द्र, राजन, सर्वजीत आदि ने जिलाधिकारी से साफ सफाई व एंटी लार्वा दवा छिड़काव करवाने की मांग की है। खंड विकास अधिकारी तुलसीपुर सुनील कुमार आर्य ने बताया कि एंटी लार्वा, व फागिंग कराया जाएगा।