शोधार्थी नीरज वर्मा शोधकार्य की मौखिकी-परीक्षा में सफल

बाराबंकी। डॉ राम मनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय, अयोध्या के शिक्षा संकाय में शोधार्थी नीरज वर्मा के पीएचडी शोधकार्य- छत्रपति शाहूजी महाराज के शैक्षिक योगदान की वर्तमान संदर्भ में प्रासंगिकता एक अध्ययन, की मौखिकी परीक्षा में सफल होने के साथ ही आगामी 12 अगस्त को विश्वविद्यालय में आयोज्य दीक्षांत समारोह में उपाधिपत्र मुख्य अतिथि राज्यपाल उत्तर प्रदेश के करकमलों से प्राप्त होगा। शोधार्थी नीरज वर्मा ने अपना शोधकार्य डॉ अखिलेश पटेल एसोसिएट प्रोफेसर शिक्षण प्रशिक्षण संकाय, रामनगर डिग्री कालेज, रामनगर, बाराबंकी के निर्देशन में पूर्ण किया। शोधकार्य का मूल्यांकन, बाह्य परीक्षक प्रो छत्रसाल सिंह, राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय, प्रयागराज द्वारा किया गया। इस अवसर पर शिक्षक संघ के महामंत्री डॉ अमूल्य सिंह भी उपस्थित रहे।read more:https://pahaltoday.com/demand-to-remove-government-country-liquor-shop-villagers-stage-protest-at-the-collectorate/#google_vignetteमौखिकी परीक्षा के दौरान बाह्य परीक्षक प्रो छत्रसाल सिंह ने शोधार्थी नीरज वर्मा से शोध विषय, शोध पद्धति, निष्कर्षों तथा वर्तमान संदर्भ में छत्रपति शाहूजी महाराज के शैक्षिक योगदान की प्रासंगिकता से संबंधित अनेक प्रश्न पूछे, जिनका शोधार्थी नीरज वर्मा ने संतोषजनक एवं तथ्यपरक उत्तर प्रस्तुत किया। उन्होंने शोधकार्य की गुणवत्ता की सराहना करते हुए कहा कि यह अध्ययन समावेशी शिक्षा, सामाजिक न्याय एवं समान शैक्षिक अवसरों की स्थापना के संदर्भ में अत्यंत उपयोगी एवं समकालीन महत्व का है। शोध निर्देशक डॉ. अखिलेश पटेल ने शोधार्थी नीरज वर्मा को बधाई देते हुए कहा कि यह शोध भारतीय शिक्षा चिंतन तथा सामाजिक न्याय के विमर्श को नई दिशा प्रदान करेगा तथा भविष्य के शोधार्थियों के लिए भी उपयोगी सिद्ध होगा। नीरज वर्मा वर्तमान समय में मोहन लाल वर्मा एजूकेशनल इंस्टीट्यूट पल्हरी, बाराबंकी में बीएड विभाग में प्रवक्ता पद पर कार्यरत हैं।शोधकार्य की मौखिकी परीक्षा में सफल होने पर विश्वविद्यालय के शिक्षकों और महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ एचएन चौधरी ने नीरज वर्मा को उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएँ दी हैं।

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