मसौली-बाराबंकी। राज्य कर विभाग की पहल पर सोमवार को मेंथा मंडी मसौली चैराहे पर व्यापारी अधिकारी संवाद का आयोजन किया गया राज्यकर उपायुक्त विकास कुमार सेठ ने व्यापारियों की समस्याएं सुनते हुए सुझाव दिये तथा जीएसटी से संबंधित विभिन्न प्रावधानों की जानकारी दी। व्यापारियों से रूबरू होते हुए राज्य कर उपायुक्त विकास कुमार सेठ ने जीएसटी 2.0 के तहत लागू किए गए नये सुधारों की जानकारी देते हुए बताया कि समय पर पंजीयन प्राप्त करना, नियमित रिटर्न दाखिल करना और कर नियमों का पालन करना व्यावसायिक गतिविधियों को अधिक पारदशÊ और सुरक्षित बनाता है उन्होंने व्यापारियों को नए कर नियमों जी एस टी 2.0 ई-इन्वॉइसिंग, आईटीसी आई टी सी के प्रावधानों, और आसान रिटर्न फाइलिंग की जानकारी दी तथा व्यापारियों को ई-वे बिल की वैधता, कैंसिलेशन और नए पंजीकरण नियमों के बारे में जागरूक किया। राज्यकर उपायुक्त ने व्यापारियों की जीएसटी, रिटर्न और नोटिस से जुड़ी व्यावहारिक समस्याओं पर चर्चा की तथा व्यापारियों को मुख्यमंत्री व्यापारी दुर्घटना बीमा योजना के तहत 10 लाख तक के मुफ्त बीमा कवर जैसी सुविधाओं के बारे में बताया।read more:https://pahaltoday.com/why-is-samajwadi-party-chief-akhilesh-yadav-branded-as-anti-ram-mandir/सहायक आयुक्त ज्योत्स्ना सिंह ने व्यापारियों को जीएसटी पोर्टल पर करदाताओं को उनके स्वयं के मोबाइल नम्बर एवं ई-मेल आईडी अपडेट करने हेतु प्रेरित किया, जिससे करदाताओं को समय से विभाग द्वारा प्रेषित सूचना समय से प्राप्त हो सके उनके द्वारा जीएसटी पोर्टल की तकनीकि प्रक्रियाओं, ई-इनवॉइसिंग, इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) और पंजीकरण संबंधी नियम 14-ए के नए प्रावधानों की विस्तृत जानकारी दी। राज्य कर अधिकारी भावेश तिवारी एवं राम तीरथ प्रसाद ने उत्तर प्रदेश की मुख्यमंत्री व्यापारी दुर्घटना बीमा योजना के लाभों के बारे में भी व्यापारियों को जागरूक किया गया तथा पंजीयन बढ़ाने व समय से रिटर्न दाखिल किये जाने के महत्व को बताया। कार्यक्रम में व्यापारियों की कर सम्बन्धी समस्याओं को सुना गया और उनके सुझावों पर त्वरित कार्यवाही का आश्वासन दिया गया। कार्यक्रम में कर अनुपालन के क्षेत्र में बेहतर कार्य करने वाले 06 उद्यमियों शेखर सिंह, शकील अहमद, प्रेम किशोर वर्मा, राकेश कुमार सोनी, लक्ष्मीकान्त गुप्ता एवं अंकित गुप्ता को प्रशंसा पत्र देकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर व्यापार मण्डल के पदाधिकारी प्रदीप कुमार जैन, सहित कई अधिवक्ता, क्षेत्रीय व्यापारी तथा राज्य कर विभाग के कर्मचारी राम कुमार मौर्य, सुधीर दीक्षित, गौरव सिंह व दुर्गेश कुमार उपस्थित रहे।