गाजीपुर: जल जीवन मिशन के अंतर्गत जिला पेयजल एवं स्वच्छता मिशन की बैठक जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित हुई, जिसमें मिशन के तहत संचालित योजनाओं की प्रगति की गहन समीक्षा की गई।read more:https://khabarentertainment.in/a-total-of-6863-vehicles-were-challaned-during-the-one-month-checking-campaign/
बैठक के उपरांत जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि जल जीवन मिशन की समीक्षा हेतु प्रत्येक सप्ताह एक खुली बैठक आयोजित की जाए और इसके लिए एक हेल्पलाइन नंबर भी निर्धारित किया जाए, ताकि आमजन की शिकायतों का तत्काल निस्तारण सुनिश्चित हो सके। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्राप्त शिकायतों और उनके निस्तारण की दैनिक समीक्षा की जाए तथा असंतुष्ट लाभार्थियों की सूची बनाकर मौके पर जाकर समस्याओं का समाधान किया जाए।डीएम ने आईजीआरएस पोर्टल पर प्राप्त सभी शिकायतों की नियमित निगरानी करते हुए उनके समयबद्ध निस्तारण के निर्देश दिए। साथ ही, निस्तारण के बाद संबंधित आवेदकों से फीडबैक लेना अनिवार्य बताया, ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि समस्या का समाधान संतोषजनक है या नहीं। असंतोषजनक मामलों में पुनः प्रभावी कार्रवाई के निर्देश भी दिए गए।उन्होंने कहा कि प्रत्येक ग्रामीण परिवार को सुरक्षित एवं शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराना सर्वोच्च प्राथमिकता है। “हर घर नल से जल” योजना के तहत स्वच्छ पेयजल की आपूर्ति से ग्रामीणों के जीवन स्तर में व्यापक सुधार होगा। उन्होंने ग्राम पंचायतों की सक्रिय भागीदारी को मिशन की सफलता की कुंजी बताते हुए जनसहभागिता बढ़ाने पर जोर दिया।बैठक में मुख्य विकास अधिकारी आलोक प्रसाद, अधिशासी अभियंता जल निगम (शहर एवं ग्रामीण) सहित विभिन्न ब्लॉकों के जूनियर इंजीनियर उपस्थित रहे। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग करते हुए गुणवत्ता और समयबद्धता का विशेष ध्यान रखा जाए।