गाजीपुर — माननीय राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, लखनऊ के निर्देशों के अनुपालन में बुधवार को जिला कारागार गाजीपुर में औचक निरीक्षण एवं विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम नीरज गोंड, सचिव (पूर्णकालिक), जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, गाजीपुर के नेतृत्व में संपन्न हुआ।read more:https://khabarentertainment.in/panchayat-voter-list-revision-begins-in-saharanpur-election-preparations-gain-momentum/
निरीक्षण के दौरान सचिव ने बंदियों से संवाद कर उन्हें निःशुल्क अधिवक्ता, जेल अपील तथा अन्य कानूनी अधिकारों के संबंध में जानकारी दी। उन्होंने बंदियों की समस्याएं सुनीं और उनके समाधान हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए। साथ ही, बंदियों को उनके संवैधानिक अधिकारों के प्रति जागरूक किया गया।
कारागार प्रशासन के अनुसार वर्तमान में जेल में कुल 499 बंदी निरुद्ध हैं, जिनमें 446 पुरुष, 20 महिलाएं और 33 अल्पवयस्क शामिल हैं। बंदियों को निर्धारित समयानुसार भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है, जिसमें सुबह दलिया और चाय, दोपहर में रोटी, चावल, दाल एवं सब्जी, तथा सायंकाल चाय-बिस्कुट और रात्रि भोजन शामिल है। सचिव ने बीमार बंदियों के समुचित उपचार के लिए कारापाल और चिकित्सकों को निर्देशित किया। साथ ही, जेल में संचालित लीगल क्लीनिक पर विशेष ध्यान देने को कहा, ताकि बंदियों को समय पर विधिक सहायता मिल सके। उन्होंने कारागार परिसर में साफ-सफाई बनाए रखने और मच्छरों से बचाव हेतु नियमित छिड़काव कराने के भी निर्देश दिए। इस अवसर पर जेल अधीक्षक, जेलर, डिप्टी जेलर तथा लीगल एड डिफेंस काउंसिल दीपक राय सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।