उन्नाव। राजस्थान की राजधानी जयपुर में आयोजित भव्य ‘संत संसद’ कार्यक्रम में धर्म, संस्कृति और राष्ट्र निर्माण से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर व्यापक मंथन किया गया। इस अवसर पर एडिटर-इन-चीफ संजय गिरि को ‘राष्ट्र गौरव’ की उपाधि से सम्मानित किया गया। यह सम्मान उन्हें धर्म और समाज के प्रति समर्पण तथा सनातन धर्म की आवाज़ को वैश्विक मंचों तक प्रभावी रूप से पहुंचाने के लिए प्रदान किया गया।
कार्यक्रम में उन्नाव के भारतीय सर्व धर्म संसद प्रदेश अध्यक्ष सुरेंद्र वर्मा भी विशेष रूप से उपस्थित रहे। देशभर से आए संतों और मनीषियों ने संजय गिरि की निर्भीक पत्रकारिता एवं भारतीय सांस्कृतिक मूल्यों के प्रति उनकी प्रतिबद्धता की सराहना करते हुए कहा कि धर्म, सत्य और संस्कृति के पक्ष में खड़ा होना ही सच्ची राष्ट्र सेवा है। रविवार को आयोजित संत संसद में सनातन संस्कृति और आध्यात्मिक चेतना को सशक्त बनाने के उद्देश्य से संत समाज ने सर्वसम्मति से सात प्रमुख संकल्प पारित किए, जिनमें—सनातन संस्कृति का संरक्षण
युवा जागरण एवं संस्कार निर्माण सामाजिक समरसतापर्यावरण संरक्षण राष्ट्रहित एवं सेवा विश्व शांति सांस्कृतिक विरासत एवं धार्मिक स्थलों का संरक्षण शामिल रहे। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा रहे मुख्य अतिथि कार्यक्रम में राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए, जबकि गृह मंत्री जवाहर सिंह बेडम ने संत संसद की अध्यक्षता की।