साहित्य सभा बिसवाँ इकाई के तत्वावधान में स्थानीय सेठ जयदयाल इंटर कॉलेज सभागार में तुलसी जयंती समारोह का भव्य आयोजन किया गया।समारोह के मुख्य अतिथि वरिष्ठ साहित्यकार,सेवानिवृत पुलिस अधिकारी लखनऊ श्रीश चन्द्र दीक्षित,विशिष्ट अतिथि सशक्त कलमकार, मेडिकल सुपरिटेंडेंट ट्रामा सेंटर मेडिकल कॉलेज,लखनऊ डॉ अमिय अग्रवाल एवं कार्यक्रम की अध्यक्षता वरेण्य साहित्यकार,साहित्य भूषण विजय शंकर मिश्र ‘भास्कर’ लखनऊ ने की। सम्मानित अतिथि संस्था उपाध्यक्ष रामपाल त्रिपाठी एवं एसडीडी इंटर कालेज प्रधानाचार्य सुभाष रहे। कार्यक्रम का संचालन साहित्यकार संदीप मिश्र “सरस” ने किया।मां सरस्वती,संत कवि तुलसी एवं स्मृतिशेष आचार्य गिरिजा शंकर मिश्र के चित्रों पर माल्यार्पण,रामचरितमानस के पूजन अर्चन के पश्चात सशक्त रचनाकार आनंद खत्री की वाणी वंदना से कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ।
संस्था सचिव वृंदारकनाथ मिश्र ने अतिथियों का स्वागत करते हुए विभिन्न रचनात्मक गतिविधियों पर केंद्रित संस्था की आख्या प्रस्तुत की और संस्था के संस्थापक यशस्वी साहित्यकार स्मृतिशेष आचार्य गिरिजा शंकर मिश्र को भी स्मरण किया। संस्था प्रतिनिधि के रूप में उपाध्यक्ष रामपाल त्रिपाठी एवं एसजेडी इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य सुभाष मंच पर उपस्थित रहे।कार्यक्रम अध्यक्ष विजय शंकर मिश्र भास्कर ने कहा कि संत तुलसीदास जी केवल एक कवि नहीं थे, बल्कि वे भारतीय संस्कृति, सनातन मूल्यों और लोक-मंगल के महान संवाहक थे। उनकी प्रत्येक रचना का मूल उद्देश्य मानव मात्र का कल्याण और समाज में सद्भाव स्थापित करना था।मुख्य अतिथि श्रीशचंद्र दीक्षित ने कहा कि संत तुलसीदास की कृति ‘श्रीरामचरितमानस’ केवल एक धार्मिक ग्रंथ नहीं, बल्कि एक संपूर्ण जीवन-दर्शन है। यह हमें आदर्श पुत्र, आदर्श भाई, आदर्श मित्र, आदर्श शासक और सबसे बढ़कर एक आदर्श मनुष्य बनना सिखाती है।read more:https://pahaltoday.com/mobile-court-visits-ballia-to-hear-grievances-of-persons-with-disabilities-state-commissioner-issues-strict-directives/
विशिष्ट अतिथि डॉ अमिय अग्रवाल ने कहा कि तुलसी समन्वयवादी रचनाकार थे जिन्होंने अपनी रचनाधर्मिता में भक्ति और प्रेम की पराकाष्ठा को सिद्ध कर लिया था। उनके जन्मदिवस के आयोजन की सार्थकता तभी होगी जब हम यह संकल्प लें कि हम तुलसीदास जी के विचारों, उनके द्वारा दिखाए गए प्रेम, सेवा, करुणा और मर्यादा के मार्ग को अपने जीवन में उतारें।संस्था द्वारा तीनों सम्मानित अतिथियों को अंगवस्त्र, स्मृतिचिह्न,सम्मान पत्र,तुलसी माला,श्रीफल देकर सारस्वत से सम्मानित किया। वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट के तहत मधु इंडिया फैक्ट्री की ओर से प्रबंधक कुलदीप सिंह यादव ने अतिथियों को अपने उत्पाद भेंट किये।तुलसीदास के व्यक्तित्व और कृतित्व पर केंद्रित संगोष्ठी में लखनऊ से आए वरिष्ठ साहित्यकार राजुल मल्होत्रा, कमलेश मौर्य मृदु, पद्मकांत प्रभात, चन्द्र प्रकाश मिश्र, अशोक पुष्प, सरोज गुप्ता, कृष्ण मुरारी खरोच, रामकुमार रसिक, विजय रस्तोगी, अरविंद त्रिपाठी,अरुण गवार, दिनेश मिश्र,रजनीकांत दीक्षित,धर्मेंद्र त्रिपाठी धवल, शिवानंद दीक्षित, शिवेंद्र मिश्र आदि ने अपनी काव्य प्रस्तुति व वक्तव्य से सहभागिता की। नवोदित कलमकार श्रुति नाग को उसकी प्रस्तुति के लिए संस्थान द्वारा स्मृतिचिह्न प्रदान किया।
कार्यक्रम में वैद्य राम किशोर शुक्ल,गंगा स्वरूप मिश्र,श्री राम चंपा देवी इंटर कॉलेज प्रधानाचार्य मनीष सिंह, अजीत आर्य, प्रमोद कपूर, कुलदीप सिंह यादव, रुपेश अवस्थी,रामचंद्र वर्मा,सिराज अहमद, विजय अवस्थी, सत्य प्रकाश त्रिपाठी, रवींद्र नाथ मिश्र, मुन्ना लाल गुप्त, अगस्त्य प्रताप सिंह, महेश चन्द मिश्र, ओमप्रकाश भदेसिया,मकसूद अली,कैलाश शुक्ल, अखिलेश वर्मा,प्रेमशंकर बाजपेई,राज कुमार रस्तोगी,श्रवण श्रीवास्तव,केदारी लाल वर्मा,ताराचंद्र शुक्ल, रामकृपाल,सतीश शुक्ल, रामकृपाल सहित नगर के तमाम गणमान्य प्रबुद्धजन उपस्थित रहे।संस्था सचिव वृंदारकनाथ मिश्र ने सभी अभ्यागतों के प्रति अपना आभार व्यक्त किया।