गाजीपुर भुड़कुड़ा। श्री महंत रामाश्रय दास पीजी कॉलेज भुड़कुड़ा और श्री महंत रामबरन दास उच्चतर माध्यमिक विद्यालय भुड़कुड़ा में शिक्षकों एवं कर्मचारियों के साथ समान व्यवहार किए जाने की मांग उठी है। सर्वदलीय तहसील विकास एवं जन कल्याण संघर्ष समिति के अध्यक्ष देवनारायण सिंह ने विद्यालय प्रबंधन से इस मामले में गंभीरता से ध्यान देने की अपील की है।उन्होंने आरोप लगाया कि दोनों शिक्षण संस्थानों में शिक्षकों और कर्मचारियों के लिए उपस्थिति तथा अनुशासन के नियमों के पालन में कथित रूप से समानता नहीं दिखाई देती। उनका कहना है कि किसी कर्मचारी या शिक्षक के एक दिन अनुपस्थित रहने पर वेतन काटने अथवा सेवा से हटाने तक की कार्रवाई की बात कही जाती है, जबकि कुछ लोगों के लगातार अनुपस्थित रहने के बावजूद उनके खिलाफ कार्रवाई नहीं होने की शिकायतें सामने आती हैं।
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देवनारायण सिंह ने कहा कि यदि ऐसे मामलों में वास्तव में भेदभाव हो रहा है तो इससे विद्यालयों में कार्यरत अन्य शिक्षकों और कर्मचारियों का मनोबल प्रभावित होता है। साथ ही संस्थानों की कार्यप्रणाली और शैक्षणिक व्यवस्था पर भी इसका प्रतिकूल असर पड़ सकता है।उन्होंने कहा कि किसी भी शिक्षण संस्थान में नियम सभी के लिए समान होने चाहिए। उपस्थिति, अवकाश, वेतन और अनुशासन से जुड़े मामलों में स्पष्ट एवं पारदर्शी व्यवस्था लागू की जानी चाहिए, ताकि किसी कर्मचारी को यह महसूस न हो कि उसके साथ पक्षपात किया जा रहा है।
समिति अध्यक्ष ने दोनों संस्थानों के प्राचार्य, प्रधानाचार्य एवं प्रबंधक से मामले पर गंभीरता से विचार करने तथा शिक्षकों-कर्मचारियों के साथ समान व्यवहार सुनिश्चित करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि संस्थानों की गरिमा और शैक्षणिक व्यवस्था बनाए रखने के लिए पारदर्शिता एवं निष्पक्षता आवश्यक है।