वॉशिंगटन: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपनी सुरक्षा को लेकर एक ऐसा चौंकाने वाला खुलासा किया है, जिसने पूरी दुनिया की मीडिया और सुरक्षा एजेंसियों को हैरत में डाल दिया है।पिछले महीने तुर्की में नाटो शिखर सम्मेलन से लौटते समय ट्रंप को जान से मारने की एक बड़ी साजिश रची गई थी। इस भयानक खतरे को भांपते हुए सीक्रेट सर्विस और अमेरिकी सेना के हाई-अलर्ट पर ट्रंप को गुपचुप तरीके से बीच रास्ते में ही अपना विमान बदलना पड़ा। अब खुद राष्ट्रपति ट्रंप ने इस ‘सीक्रेट ऑपरेशन’ की पुष्टि करते हुए दुनिया के सामने अपनी जान को खतरे और सुरक्षा एजेंसियों के मास्टरप्लान के कई बड़े राज खोले हैं।
कैटरिंग ट्रक से छुपकर बदले गए विमान
द वाशिंगटन पोस्ट की एक सनसनीखेज रिपोर्ट के अनुसार, 8 जुलाई को तुर्की में नाटो शिखर सम्मेलन के बाद ईरान की तरफ से हत्या की साजिश की खुफिया जानकारी मिली थी। खतरे को देखते हुए एक बेहद गुप्त मिशन को अंजाम दिया गया।योजना के तहत कैमरों के सामने ट्रंप अपने पुराने ‘एयर फोर्स वन’ जंबो जेट में सवार हुए, लेकिन कुछ ही मिनटों बाद उन्हें भोजन और अन्य सामान लादने वाले एक कैटरिंग ट्रक के जरिए गुप्त रूप से बाहर निकाला गया। इस हाइड्रोलिक ट्रक की मदद से ट्रंप और उनके कुछ खास सहयोगियों को एयर फोर्स वन के विपरीत दिशा वाले दरवाजे से निकालकर एक छोटे विमान, एयर फोर्स C-32A (मॉडिफाइड बोइंग 757) में सवार कराया गया।read more:https://pahaltoday.com/demand-to-remove-government-country-liquor-shop-villagers-stage-protest-at-the-collectorate/#google_vignette
पत्रकारों और स्टाफ को भी नहीं लगी भनक
यह पूरा बचाव ऑपरेशन इतना गुप्त था कि एयर फोर्स वन में सवार पत्रकारों और व्हाइट हाउस के कुछ कर्मचारियों को इस बात की भनक तक नहीं लगी कि उनके राष्ट्रपति विमान में हैं ही नहीं। दरअसल, असली एयर फोर्स वन को एक ‘डिकॉय’ (छलावे) के रूप में इस्तेमाल किया गया था।इस घटना पर मीडिया से बात करते हुए ट्रंप ने कहा कि वह पूरी तरह से सीक्रेट सर्विस और सेना के निर्देशों का पालन करते हैं। उन्होंने बताया कि सीक्रेट सर्विस उन्हें समान सुरक्षा वाले दूसरे विमान से ले जाना चाहती थी, इसलिए उन्होंने बिना कोई सवाल किए उनकी बात मान ली। ट्रंप ने यह भी बताया कि उनका विमान इंग्लैंड गया था, जहां रास्ते में इसे अमेरिकी सैनिकों को दिखाया गया।
‘मैं सबसे प्रभावशाली राष्ट्रपति, इसलिए मिलती हैं धमकियां’
जब मीडिया ने ट्रंप से पूछा कि क्या एयर फोर्स वन में उड़ान भरना सचमुच खतरनाक था, तो उन्होंने बेहद दिलचस्प और बेबाक जवाब दिया।ट्रंप ने कहा कि उन्हें लगता है कि जिस दूसरे विमान में उन्होंने उड़ान भरी, वह असल में अधिक जोखिम में था क्योंकि दुश्मन उसी को निशाना बनाने की सबसे ज्यादा कोशिश करते। इस दौरान ट्रंप ने पुराने राष्ट्रपतियों पर तंज कसने का भी मौका नहीं छोड़ा। उन्होंने कहा कि उन्हें ऐसी बहुत सी धमकियां मिलती हैं जिनके बारे में आम लोगों को कोई जानकारी नहीं है। ट्रंप ने दावा किया कि कोई भी प्रभावशाली राष्ट्रपति होगा, उसे हमेशा धमकियां मिलेंगी। जो राष्ट्रपति कोई काम नहीं करते और जिनका कोई प्रभाव नहीं होता, उन्हें ऐसी धमकियां नहीं मिलतीं। उन्होंने खुद को अमेरिका का सबसे प्रभावशाली राष्ट्रपति बताते हुए कहा कि 6 साल के कार्यकाल में उनसे ज्यादा काम किसी ने नहीं किया है।