सोनभद्र। कर्मचारी भविष्य निधि संगठन क्षेत्रीय कार्यालय वाराणसी द्वारा भारत सरकार की महत्वाकांक्षी पीएम विकसित भारत रोजगार योजना के अंतर्गत पंजीकरण की अवधि 1 अगस्त 2025 से 31 जुलाई 2027 तक निर्धारित की गई है। यह योजना एक-लाभ अनेक की अवधारणा पर आधारित है, जिसका उद्देश्य रोजगार सृजन को प्रोत्साहित करना एवं सामाजिक सुरक्षा को सुदृढ़ करना है। यह जानकारी जिलाधिकारी बीएन सिंह ने दी।डीएम ने बताया कि योजना के तहत पहली बार नौकरी प्राप्त करने वाले कर्मचारियों तथा अतिरिक्त रोजगार सृजन करने वाले नियोक्ताओं दोनों को वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी।read more:https://pahaltoday.com/national-climate-physiology-innovation-challenge-launched/ यह योजना सभी क्षेत्रों में लागू है, जबकि विनिर्माण क्षेत्र को विशेष प्राथमिकता दी गई है। साथ ही कर्मचारियों को वित्तीय साक्षरता के प्रति भी जागरूक किया जाएगा। योजना के प्रमुख लाभ एवं पात्रता शर्तें, पहली बार रोजगार पाने वाले कर्मचारियों के लिए अधिकतम रूपया एक लाख प्रतिमाह तक वेतन प्राप्त करने वाले कर्मचारी पात्र होंगे। एक माह के समान वेतन (अधिकतम रूपया 15,000) दो किश्तों में प्रदान किया जाएगा। प्रथम किश्त 6 माह की सेवा पूर्ण होने पर डीबीटी के माध्यम से आधार से जुड़े बैंक खाते में प्रदान की जाएगी। द्वितीय किश्त 12 माह की सेवा पूर्ण करने एवं वित्तीय साक्षरता कोर्स पूर्ण करने के पश्चात सरकार द्वारा निर्धारित बचत योजना के अंतर्गत दी जाएगी। नियोक्ताओं को 2 वर्षों तक वेतन के अनुपात में प्रोत्साहन राशि प्रदान की जाएगी। प्रति कर्मचारी अधिकतम रूपया 3,000 प्रतिमाह तक प्रोत्साहन देय होगा। विनिर्माण क्षेत्र में रोजगार सृजन करने पर तीसरे एवं चैथे वर्ष भी प्रोत्साहन दिया जाएगा। भुगतान डीबीटी के माध्यम से पैन से जुड़े बैंक खाते में किया जाएगा। पात्रता 50 से कम कर्मचारियों वाले प्रतिष्ठानों को न्यूनतम 2 नए कर्मचारी नियुक्त करना होगा। 50 या उससे अधिक कर्मचारियों वाले प्रतिष्ठानों को न्यूनतम 5 नए कर्मचारी नियुक्त करना होगा।