बहराइच ( पयागपुर तहसील )। जिले के विशेश्वरगंज ब्लॉक क्षेत्र में IGRS (इंटीग्रेटेड ग्रीवांस रिड्रेसल सिस्टम) के माध्यम से दर्ज शिकायतों के निस्तारण को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं। ग्राम सभा बनघुसरा निवासी पवन शुक्ला पुत्र लल्लन प्रसाद ने आरोप लगाया है कि उनकी शिकायत को बिना किसी जांच और समाधान के ही निस्तारित दिखा दिया गया।शिकायतकर्ता पवन शुक्ला का कहना है कि उन्होंने ग्राम सभा में हुए कार्यों और खर्च को लेकर गांव के प्रधान और सचिव पर कथित भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए IGRS पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई थी। लेकिन ब्लॉक और तहसील स्तर के अधिकारियों द्वारा बिना किसी ठोस जांच के ही शिकायत को बंद कर दिया गया।पवन शुक्ला का आरोप है कि जिम्मेदार अधिकारी केवल औपचारिकता निभाते हुए शिकायतों को निस्तारित दिखा देते हैं, जिससे शिकायतकर्ताओं को न्याय नहीं मिल पाता। उनका कहना है कि प्रदेश सरकार और मुख्यमंत्री द्वारा IGRS शिकायतों के निस्तारण को गंभीरता से लेने के निर्देश दिए गए हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर इन आदेशों का सही तरीके से पालन नहीं हो रहा है।उन्होंने यह भी बताया कि जब उन्होंने इस मामले में ब्लॉक विकास अधिकारी (BDO) से फोन पर बात की, तो उन्हें कथित तौर पर कहा गया कि “अगर आपको कोर्ट जाना है तो जा सकते हैं, जो होना है वही होगा।”इस मामले को लेकर क्षेत्र में चर्चा का माहौल बना हुआ है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि शिकायतों की निष्पक्ष जांच नहीं की जाएगी तो सरकारी शिकायत प्रणाली पर आम लोगों का भरोसा कमजोर पड़ सकता है। वहीं शिकायतकर्ता ने मामले में जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की l