सोनभद्र। सदर विकास खंड के ग्राम पंचायत लोढ़ी में मनोनीत ग्राम प्रधान लक्ष्मीनारायण के खिलाफ वार्ड सदस्यों ने गंभीर आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी को प्रार्थना पत्र सौंपकर जांच एवं कार्रवाई की मांग की है। वार्ड सदस्यों का आरोप है कि मनोनीत ग्राम प्रधान द्वारा गांव में कोई ठोस विकास कार्य नहीं कराया जा रहा है। इसके विपरीत विभिन्न योजनाओं और जरूरी कार्यों के नाम पर ग्रामीणों से अवैध धन वसूली की जा रही है, जिससे ग्रामीणों में आक्रोश व्याप्त है।बताया गया कि ग्राम पंचायत लोढ़ी के निर्वाचित प्रधान राजकुमार गोंड की फरवरी 2025 में सड़क दुर्घटना में मृत्यु हो गई थी, जिसके बाद शासन द्वारा वार्ड सदस्य लक्ष्मीनारायण को मनोनीत ग्राम प्रधान बनाया गया। सदस्यों का कहना है कि कार्यभार संभालने के बाद से गांव में विकास कार्य पूरी तरह ठप हो गए हैं।read more:https://khabarentertainment.in/143-beneficiaries-in-barhalganj-received-the-benefit-of-the-pm-housing-scheme/ आरोप है कि ग्रामीणों से पानी की व्यवस्था कराने, आय, जाति एवं निवास प्रमाण पत्र बनवाने, आवास एवं शौचालय दिलाने के नाम पर पैसे की मांग की जा रही है। इतना ही नहीं, ग्राम पंचायत सचिव के साथ अभद्र व्यवहार और गाली-गलौज करने के भी आरोप लगाए गए हैं। प्रार्थना पत्र में यह भी उल्लेख किया गया है कि पुराने तालाब के सुंदरीकरण हेतु लघु सिंचाई विभाग द्वारा कराए जा रहे कार्य को भी जबरन रुकवाने और ठेकेदार से धन की मांग की गई। ग्राम पंचायत सदस्य अनिल कुमार पांडेय ने बताया कि गर्मी बढ़ने के बावजूद गांव में पेयजल की गंभीर समस्या बनी हुई है, लेकिन अब तक एक भी पानी का टैंकर नहीं चलाया गया है। उन्होंने कहा कि प्रमाण पत्र बनवाने तक के लिए ग्रामीणों से पैसे मांगे जा रहे हैं, जिससे आमजन काफी परेशान हैं। सदस्यों का कहना है कि जब तक इस तरह की स्थिति बनी रहेगी, गांव का समुचित विकास संभव नहीं है। इस मामले को लेकर ग्राम पंचायत के सभी सदस्य एकजुट होकर जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे और निष्पक्ष जांच कर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।