प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने एक संस्कृत सुभाषितम् साझा किया है, जिसमें छह गुणों—परिश्रम, साहस, धैर्य, कार्य करने की शक्ति, विद्या और पराक्रम—को दर्शाया गया है। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि जब किसी व्यक्ति में ये गुण विद्यमान होते हैं, तो कहा जाता है कि दैवीय सहायता भी उसकी मदद के लिए आगे आती है।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने एक संस्कृत सुभाषितम् साझा किया-
“उद्यमः साहसं धैर्यं बुद्धिः शक्तिः पराक्रमः।
षडेते यत्र वर्तन्ते तत्र दैवं सहायकृत्॥”
यह सुभाषितम् संदेश देता है कि जिस व्यक्ति में ये छह गुण—परिश्रम, साहस, धैर्य, कार्य करने की शक्ति, विद्या और पराक्रम—विद्यमान होते हैं, उसकी सहायता के लिए स्वयं ईश्वर भी उपस्थित रहते हैं।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने एक्स पर लिखा;
“उद्यमः साहसं धैर्यं बुद्धिः शक्तिः पराक्रमः।
षडेते यत्र वर्तन्ते तत्र दैवं सहायकृत्॥”