सिंहेश्वर धाम में सावन की चौथी सोमवारी पर मची भगदड़, दर्जन भर श्रद्धालु और कई पुलिसकर्मी घायल

मधेपुरा : सावन महीने की चौथी सोमवारी पर शिवभक्तों की भारी भीड़ के बीच मधेपुरा के प्रसिद्ध बाबा सिंहेश्वर धाम में एक दर्दनाक हादसा हो गया। भगवान भोलेनाथ के दर्शन और जलाभिषेक की आतुरता में अचानक ऐसी अफरातफरी मची कि मंदिर परिसर में भगदड़ जैसे हालात पैदा हो गए।स भीषण हादसे में जहां एक दर्जन से अधिक श्रद्धालु घायल हुए हैं, वहीं भीड़ को नियंत्रित करने की कोशिश में कई पुलिसकर्मी भी चोटिल हो गए। आनन-फानन में सभी घायलों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां एक श्रद्धालु की हालत बेहद गंभीर बनी हुई है।read more:https://pahaltoday.com/manveer-singh-arrested-near-nepal-border-sent-to-punjab-under-tight-security/

मुख्यद्वार खुलते ही मच गई चीखपुकार
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, बाबा सिंहेश्वरनाथ मंदिर में आधी रात करीब साढ़े बारह बजे सरकारी पूजा-अर्चना संपन्न हुई। इसके बाद रात एक बजे शिवभक्तों के दर्शन के लिए मंदिर के पट खोल दिए गए। शुरुआत में लोगों को बाहरी परिसर स्थित मुख्यद्वार के बगल वाले रास्ते से कतार में अंदर भेजा जा रहा था। लेकिन जैसे-जैसे सुबह करीब आती गई, भक्तों की भीड़ बेकाबू होने लगी।भीड़ के भारी दबाव को देखते हुए तड़के करीब चार बजे जैसे ही मंदिर का मुख्यद्वार खोला गया, पहले दर्शन करने की होड़ में अचानक भगदड़ मच गई।

ग्रिल से टकराकर एक भक्त का सिर फटा
मुख्यद्वार खुलने के बाद लगभग 15 मिनट तक मंदिर परिसर में खौफनाक अफरातफरी और चीख-पुकार का माहौल रहा। इसी दौरान भीड़ के धक्के से ग्रिल से टकराकर गिरने के कारण एक श्रद्धालु के सिर में गंभीर फ्रैक्चर हो गया है, जिसकी स्थिति नाजुक बताई जा रही है। हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन ने तुरंत मोर्चा संभाला और स्थिति को नियंत्रण में लिया।सभी घायलों को तत्काल प्रभाव से मधेपुरा के जन नायक कर्पूरी ठाकुर मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है। इस दौरान अनियंत्रित भीड़ को संभालने की जद्दोजहद में आधा दर्जन पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं।

इन शिवभक्तों को आई हैं गंभीर चोटें
मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराए गए घायलों में अलग-अलग जिलों से आए शिवभक्त शामिल हैं। गंभीर रूप से घायल लोगों में सुपौल के रहने वाले सिंटू कुमार, सहरसा जिले के जलसीमा की रूना देवी और मधेपुरा के ग्वालपाड़ा की सुलेना देवी की पहचान हो पाई है। इसके अलावा एक अज्ञात महिला श्रद्धालु का भी इलाज चल रहा है।प्रशासन फिलहाल मंदिर परिसर में भीड़ प्रबंधन पर विशेष ध्यान दे रहा है और सुरक्षा व्यवस्था को और भी कड़ा कर दिया गया है ताकि दर्शन सुचारू रूप से हो सकें।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *