नई दिल्ली। दिल्ली यूनिवर्सिटी के श्याम लाल कॉलेज में ‘क्वांटम साइंस और टेक्नोलॉजी: हैंड्स-ऑन एक्सप्लोरेशन एंड इमर्जिंग फ्रंटियर्स’ विषय पर 10-दिवसीय नेशनल समर स्कूल सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।इसमें पूरे भारत के विश्वविद्यालयों और कॉलेजों के छात्रों ने बड़ी संख्या में भाग लिया। यह कार्यक्रम युवा शिक्षार्थियों के बीच वैज्ञानिक उत्कृष्टता, नवाचार और अनुसंधान-उन्मुख शिक्षा को बढ़ावा देने के कॉलेज के संकल्प को दर्शाता है। IIT दिल्ली, इंटर-यूनिवर्सिटी एक्सेलेरेटर सेंटर (IUAC) और CSIR-नेशनल फिजिकल लेबोरेटरी (NPL) के सहयोग से रिसर्च एंड डेवलपमेंट सेंटर (RDC) और इंटरनल क्वालिटी एश्योरेंस सेल (IQAC) द्वारा आयोजित इस पहल ने प्रतिभागियों को नेशनल क्वांटम मिशन के विजन के तहत एक गहन शैक्षणिक अनुभव प्रदान किया।read more:https://pahaltoday.com/prerna-yatra-organized-on-mangal-pandey-martyrdom-day-and-bankim-chandra-chattopadhyays-death-anniversary/एक व्यापक पाठ्यक्रम के माध्यम से प्रतिभागियों को क्वांटम कंप्यूटिंग, क्वांटम सेंसिंग, क्वांटम कम्युनिकेशन, क्वांटम मेट्रोलॉजी, स्पेक्ट्रोस्कोपी, एक्सेलेरेटर साइंस, एटॉमिक फिजिक्स, साइबर सुरक्षा और हैंड्स-ऑन क्वांटम प्रोग्रामिंग से परिचित कराया गया। प्रतिष्ठित वैज्ञानिकों, शिक्षाविदों और उद्योग के पेशेवरों के विशेषज्ञ व्याख्यानों के साथ-साथ इंटरैक्टिव प्रयोगशाला प्रदर्शन और व्यावहारिक प्रशिक्षण सत्र भी आयोजित किए गए। IIT दिल्ली, IUAC, CSIR-NPL और DRDO क्वांटम टेक्नोलॉजी रिसर्च सेंटर जैसे प्रमुख अनुसंधान संस्थानों के दौरों ने प्रतिभागियों को उन्नत प्रयोगशालाओं, एटॉमिक क्लॉक, लेजर मेट्रोलॉजी, एक्सेलेरेटर सुविधाओं, सटीक माप प्रणालियों और उभरती क्वांटम तकनीकों के बारे में बहुमूल्य जानकारी और अनुभव प्रदान किया।